रिपोर्ट – अंशुल त्यागी,
फिल्म: महाप्रभु जगन्नाथ
भाषा: हिंदी, उड़िया और तेलुगु
जॉनर: धार्मिक, एनिमेशन, फैमिली
रेटिंग: ⭐⭐⭐½ (3.5/5)
अवधि: 105 मिनट
सर्टिफिकेट: U
निर्देशक: श्रीपाद वारखेडकर
इन दिनों बॉक्स ऑफिस पर धार्मिक फिल्मों का दौर देखने को मिल रहा है। कम बजट में बनी ‘हनुमान अंश’ के बाद अब रिलीज हुई ‘महाप्रभु जगन्नाथ’ को लेकर भी दर्शकों के बीच खासा उत्साह नजर आ रहा है। खास बात यह है कि बेहद सीमित बजट में तैयार की गई इस एनिमेटेड फिल्म का विजुअल और एनीमेशन स्तर काफी प्रभावशाली है।
फिल्म की सबसे बड़ी खासियत इसका फैमिली और बच्चों के लिए आसान, भक्तिमय और मनोरंजक प्रस्तुतिकरण है। शुरुआत से लेकर अंत तक कहानी दर्शकों को बांधे रखती है। शानदार एनीमेशन, रंगीन विजुअल्स और धार्मिक भावनाओं से जुड़ी कहानी फिल्म को खास बनाती है।
रिलीज से पहले विवादों में रही फिल्म
‘महाप्रभु जगन्नाथ’ रिलीज से पहले कानूनी विवाद को लेकर भी चर्चा में रही। पुरी के शंकराचार्य स्वामी निश्चलानंद सरस्वती ने फिल्म में भगवान जगन्नाथ के एनिमेटेड चित्रण पर आपत्ति जताई थी और फिल्म पर रोक लगाने की मांग की थी। विवाद के चलते फिल्म की रिलीज में भी देरी हुई। हालांकि, बाद में सुप्रीम कोर्ट ने रचनात्मक अभिव्यक्ति के आधार पर फिल्म पर प्रतिबंध लगाने से इनकार कर दिया, जिसके बाद फिल्म दर्शकों तक पहुंच सकी।

क्या है फिल्म की कहानी?
फिल्म की कहानी कलियुग की पृष्ठभूमि में आगे बढ़ती है। कहानी में ‘अहम’ नाम का एक शक्तिशाली असुर ब्रह्मा जी की कठोर तपस्या करता है और उनसे अपने लिए एक अलग लोक बनाने तथा देवताओं के हस्तक्षेप से मुक्त रहने का वरदान प्राप्त कर लेता है।
शक्ति हासिल करने के बाद अहम भक्तों और दिव्य शक्तियों को एक रहस्यमयी पारे की दुनिया में बंधक बना लेता है। इसके बाद संकट से मुक्ति दिलाने की जिम्मेदारी महाप्रभु जगन्नाथ, बालक बलराम और गरुड़ के कंधों पर आती है। तीनों मिलकर असुर का सामना करते हैं और बुराई के खिलाफ संघर्ष शुरू होता है।

एनीमेशन और निर्देशन
फिल्म के निर्देशक श्रीपाद वारखेडकर की तारीफ करनी होगी कि उन्होंने धार्मिक कहानी को बच्चों और परिवारों के लिए सरल तरीके से प्रस्तुत किया है। फिल्म का एनीमेशन इसकी प्रमुख खूबियों में शामिल है। कम बजट के बावजूद कई दृश्य बड़े स्तर की एनिमेटेड फिल्मों की याद दिलाते हैं।
हिंदी, उड़िया और तेलुगु में एक साथ रिलीज होने की वजह से फिल्म की पहुंच भी व्यापक हो जाती है।

ओवरऑल कैसी है फिल्म?
‘महाप्रभु जगन्नाथ’ एक साफ-सुथरी और परिवार के साथ देखने लायक एनिमेटेड फिल्म है। फिल्म मनोरंजन के साथ एक सकारात्मक संदेश भी देती है कि अहंकार और बाहुबल से ज्यादा ताकत सच्ची भक्ति, दिव्य ज्ञान और सही मार्ग में होती है।
अगर आप इस वीकेंड बच्चों और परिवार के साथ कोई ऐसी फिल्म देखने का प्लान बना रहे हैं, जिसमें भक्ति, रोमांच, मनोरंजन और अच्छा संदेश एक साथ मिले, तो ‘महाप्रभु जगन्नाथ’ आपको निराश नहीं करेगी।
⭐ हमारी रेटिंग: 3.5/5
फिल्म की खासियत: शानदार एनीमेशन, भक्तिमय कहानी और बच्चों के लिए मनोरंजक प्रस्तुति।
